कलेक्टर जनदर्शन में राजस्व रिकॉर्ड की गड़बड़ी की शिकायत

बिलासपुर। बिलासपुर कलेक्टर जनदर्शन में राजस्व रिकॉर्ड में गड़बड़ी, पेंशन और किसान सम्मान निधि बंद होने समेत कई शिकायतें पहुंचीं। लोगों ने अपनी समस्याओं के समाधान की मांग की। कलेक्टर संजय अग्रवाल, एडीएम शिवकुमार बनर्जी और अपर कलेक्टर वीरेंद्र बहादुर पंचभाई ने लोगों की समस्याएं सुनीं और अधिकारियों को मौके पर निराकरण के निर्देश दिए।
बेलगहना तहसील के ग्राम केकराडीह निवासी तिहारी राम जगत ने शिकायत की कि उन्हें 1997-98 में खसरा नंबर 367 का वैध पट्टा मिला था। वे इस जमीन पर काबिज हैं और खेती कर रहे हैं। हाल ही में राजस्व रिकॉर्ड (बी-1) में तकनीकी त्रुटि के कारण उनकी पट्टा भूमि शासकीय मद में दर्ज हो गई। उन्होंने रिकॉर्ड में सुधार कर जमीन को फिर से अपने नाम दर्ज करने की मांग की।

वन भूमि में पेड़ कटाई और 20 फीट गहरा गड्ढा कर मिट्टी खनन
बिल्हा विकासखंड के ग्राम परसदा निवासी कमलजीत सिंह ने वन विभाग की शासकीय जमीन पर अवैध कब्जे और पेड़ों की कटाई की शिकायत की। उन्होंने बताया कि कुछ लोगों ने करीब 20 फीट गहरा गड्ढा कर अवैध रूप से मिट्टी का खनन किया और उसे बेच दिया। उन्होंने मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।

आदेश के बाद भी पटवारी ऑनलाइन रिकॉर्ड सुधारने में कर रहा आनाकानी
तखतपुर के ग्राम गिरधौना निवासी मनहरण कौशिक ने बताया कि उनकी माता का वास्तविक नाम नागिन बाई है, लेकिन राजस्व रिकॉर्ड में नाम गलत दर्ज है। तहसीलदार तखतपुर ने पटवारी हल्का नंबर 30 को ऑनलाइन रिकॉर्ड में सुधार करने का आदेश दिया था। इसके बावजूद पटवारी लगातार आनाकानी कर रहा है। उन्होंने रिकॉर्ड में नाम सुधारने की मांग की।

किसान सम्मान निधि बंद, पेंशन भी 4 महीने से नहीं मिली
मस्तूरी तहसील के ग्राम गतौरा निवासी गनेश राम कोसले ने बंद किसान सम्मान निधि की राशि फिर से शुरू कराने की मांग की। वहीं सरकंडा निवासी नत्थूलाल ने बताया कि उनकी वृद्धा पेंशन 4 महीने से बंद है। उन्होंने पेंशन की राशि दोबारा शुरू कराने की गुहार लगाई।

सड़क के लिए ली जमीन का मुआवजा अब तक नहीं मिला
ग्राम लिमतरा निवासी पार्वती पटेल ने बताया कि उनकी निजी भूमि का कुछ हिस्सा सड़क निर्माण के लिए लिया गया है। इसके बावजूद अधिग्रहित जमीन की मुआवजा राशि अब तक नहीं मिली है। उन्होंने लंबित मुआवजा राशि दिलाने की मांग की।